blogid : 11280 postid : 535

फूल और पत्थर जैसा है तेरा प्यार

Posted On: 22 Jun, 2013 मस्ती मालगाड़ी में

  • SocialTwist Tell-a-Friend

बॉलिवुड के हीमैन धर्मेंद्र के लिए भी शोहरत और ग्लैमर से भरा अभिनय का सफर कभी आसान नहीं रहा. आज जिस धर्मेंद्र को हम बॉलिवुड के लोकप्रिय और प्रतिभाशाली अभिनेताओं की सूची में रखते हैं एक समय ऐसा भी था जब उनकी कोई फिल्म सफल नहीं हो पा रही थी.


वर्ष 1966 में बनी फिल्म फूल और पत्थर, जिसमें धर्मेंद्र अभिनय कर रहे थे, को खरीदने के लिए भी कोई तैयार नहीं हो रहा था. फिल्म में धर्मेंद्र के साथ ट्रैजेडी क्वीन के नाम से मशहूर मीना कुमारी भी थीं. इस फिल्म के पीछे की कहानी भी बड़ी दिलचस्प है. वैसे तो आज के समय में भी जाति और ऊंच-नीच जैसी बातें बहुत मायने रखती हैं लेकिन उस दौरान यह सब बहुत बड़ी चीज होती थी. वर्ष 1958-1959 में समाचार पत्र में एक ठाकुर घराने की बहु के दलित पुरुष के साथ भाग जाने जैसी खबर छपी थी. उसी समय फिल्मकार ओ.पी. रल्हन ने यह प्रण ले लिया कि वह इस मसले पर एक फिल्म अवश्य बनाएंगे. इस घटना में अपनी इज्जत को बचाने की खातिर ठाकुर परिवार कोर्ट में चला जाता है लेकिन वह लड़की कोर्ट में भी उस दलित व्यक्ति को ही अपना पति बताती है. भरी अदालत में वह साफ कहती है कि जिस व्यक्ति के साथ उसने सात फेरे लिए हैं वह कभी भी उसका ख्याल नहीं रख पाया और जो पति अपनी पत्नी का ध्यान ही नहीं रखे वह पति कहलाने के योग्य नहीं है.

मैं घर से भाग गई थी जब…लता मंगेशकर


ओ.पी. रल्हन, लेखक ध्रुव चटर्जी के पास गए और उन्हें इस घटना पर एक कहानी लिखने के लिए बोला लेकिन चटर्जी ने मना कर दिया. तब रल्हन ने यह निश्चय किया कि वह खुद ही फिल्म बनाएंगे. उन्होंने रजन हिजवी से फिल्म के संवाद लिखवाए. फिल्म को लेकर किसी तरह का विवाद ना पैदा हो इसीलिए रल्हन ने दलित के किरदार को चोर का किरदार बना दिया. लेकिन फिल्म की कहानी जिसने भी सुनी उसे यह कहानी फ्लॉप ही लगी. सभी निर्माताओं ने यह फिल्म बनाने से मना कर दिया.

जंजीर की जकड़न ने दुनिया का चहेता बनाया !!


जब इस फिल्म की अभिनेत्री की बात आई तो ओ.पी रल्हन को मीना कुमारी का ख्याल आया. वे बहुत डरते-डरते मीना कुमारी के पास गए लेकिन कहानी सुनने के बाद मीना कुमारी ने तुरंत ही फिल्म के लिए हां कह दी. वह मीना कुमारी के साथ राजेंद्र कुमार को लेना चाहते थे लेकिन वह नहीं माने.इस पर भी रल्हन ने हिम्मत नहीं हारी और उन्होंने निश्चय किया कि वह किसी नए कलाकार को लेकर ही फिल्म बनाएंगे और उन्होंने धर्मेंद्र को साइन किया. कमाल अमरोही ने साफ कह दिया कि यह लड़का मीना कुमारी के साथ फिल्म करने के लायक नहीं है. इस फिल्म का मुहूर्त बूट पालिश करने वाले एक लड़के से कराया गया.जिस कहानी पर कोई निर्माता फिल्म बनाने के लिए राजी नहीं हो रहा था उस फिल्म ने हर बार असफल साबित हो रहे धर्मेंद्र की तकदीर बदल दी. इस फिल्म के बाद धर्मेंद्र के बाद इतने ऑफर आने लगे कि वह अन्य सभी कलाकारों से ज्यादा व्यस्त हो गए.

मजबूरी में मुमताज जया जैसी अभिनेत्रियों को फिल्में दी गईं !



Tags:                   

Rate this Article:

1 Star2 Stars3 Stars4 Stars5 Stars (No Ratings Yet)
Loading ... Loading ...

0 प्रतिक्रिया

  • SocialTwist Tell-a-Friend

Post a Comment

CAPTCHA Image
*

Reset

नवीनतम प्रतिक्रियाएंLatest Comments


topic of the week



latest from jagran